भारत को व्यापारिक मजबूती के लिए टेरिफ में कटौती करने की जरुरत है - डोनाल्ड ट्रम्प Us Business और Diplomates ने भारत को दरिया उद्योगों और सरकारी सूत्रों का कहना है कि भारत के अपने प्रमुख मेक-इन-इंडिया ड्राइव में व्यापार के बीच मतभेदों को लेकर परेशान करने में मदद करने के लिए दर्जनों उत्पादों पर सीमा शुल्क का दायरा बढ़ाने के कदम के बाद भारत और सरकार के सूत्रों का कहना है. Is Us warns India?. भारत में फोर्ड के पास ऑटो कंपोनेंट पर नए टैरिफ हैं. जबकि ऐप्पल इंक का संबंध है कि इसकी आईफोन $ 10 अरब के स्मार्टफोन बाजार की मूल्य-चेतना में और भी महेंगी हो गई है. इसलिए, भारत को टैरिफ में कटौती करने के इलावा कोई  और विकल्प नहीं है.

भारत और Us पास घनिष्ठ राजनीतिक और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी पिछले गर्मियों में वाशिंगटन में थे

भारत को व्यापारिक मजबूती के लिए टेरिफ में कटौती करने की जरुरत है - डोनाल्ड ट्रम्प

भारत और Us पास घनिष्ठ राजनीतिक और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी पिछले गर्मियों में वाशिंगटन में थे. अपने व्यक्तिगत प्रकार के कूटनीति  तरीके  से राष्ट्रपति डॉयलंड ट्रम्प को नरेन्द्र मोदी ने गले लगाया. लेकिन सभी के बावजूद Us wants India to cut Tariffs. लेकिन अब व्यापारिक कथा गहरी खाई के तरफ जा रहा है. Us warns India . ट्रम्प ने पहले ही भारत को हार्ले डेविडसन पर अपने duty के बारे में बताया है, और इस महीने प्रधान मंत्री मोदी ने उन्हें बढोतरी के तरफ जा रहे बाइक के लिए 75 प्रतिशत से 50 प्रतिशत तक कटौती करने का आदेश दिया है. Donald Trump wants India to cut tariff.

लेकिन उसने ट्रम्प को संतुष्ट नहीं किया है, जिसने अमेरिका में बिकने वाले भारतीय बाइक के लिए शून्य शुल्क की ओर इशारा किया था. और कहा था कि वह अमेरिका के सहयोगियों सहित देशों के खिलाफ “पारस्परिक कर” को धक्का देगा, जो अमेरिकी उत्पादों पर टैरिफ लागू करता है. Us warns India ? राज्य विभाग Spokeperson  ने ट्रम्प की टिप्पणी के संदर्भ में कहा, “यह महत्वपूर्ण है कि भारत टैरिफ और गैर-टैरिफ बाधाओं सहित व्यापार के लिए बाधाओं को कम करने के लिए अधिक प्रयास जारी रखे , जिससे उपभोक्ताओं को कीमतें कम देनी होंगी, विकास को बढ़ावा मिलेगा भारत में मूल्य श्रृंखलाओं को नया आयाम मिलेगा , ” Had Trump advised India To cut the Tariffs?.?

Us कांग्रेस पिछले एक साल से आर्थिक बाधाओं को तोड़ने के लिए भारत पर एक बड़ा दबाव बना रहा है

Us कांग्रेस पिछले एक साल से आर्थिक बाधाओं को तोड़ने के लिए भारत पर एक बड़ा दबाव बना रहा है और अब तो हाउस रिपब्लिकन ने नए कर्तव्यों के मुद्दे को उठाया है. हाउस रिपब्लिकन ने कहा, “हमने WTO दर से ऊपर टैरिफ बढ़ाने के लिए पिछले हफ्ते अपनी चिंताओं को भारत सरकार को बताया था – खासकर जब यह सूचना प्रौद्योगिकी से संबंधित है”. तो, अगर Us warns  India तो फिर भारत क्या करेगा. उत्तर भारत की तरफ से अभी तक आना बाकी है. जैसे, भारत ने इस महीने के बजट में 40 और Items  पर दिसंबर में मोबाइल फोन और टीवी सेट जैसे इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद पर उच्च आयात कर की घोषणा की थी. इसमें सामान जैसे चश्मा, जूस और ऑटो घटक शामिल थे. Is India needs to cut Tariffs ? यदि हां, तो कितना?

भारत ने इस पर कहा कि इस कदम का उद्देश्य स्थानीय उद्योग को बढ़ने का मौका देना है

भारत ने इस पर कहा कि इस कदम का उद्देश्य स्थानीय उद्योग को बढ़ने का मौका देना है और शेयर निर्माण को बढ़ाने के लिए व्यापक योजना का हिस्सा है, लगभग 15 प्रतिशत से जीडीपी को तिमाही बनाता है, और इसके लिए आवश्यक हजारों Jobs के द्वारा  निर्माण  किये हुए युवा कार्यबलसे होगा.अगर Us warns India तो क्या भारत इस बारे में जवाब देगा तो भारत क्या जवाब देगा? भारतीय वाणिज्य मंत्रालय ने अभी तक इसका जवाब नहीं दिया. लेकिन एक वरिष्ठ वित्त मंत्रालय के अधिकारी ने निर्णय का बचाव करते हुए कहा कि यह दुनिया के दूसरे हिस्से में भी इस प्रवृत्ति को दर्शाता है. फिर निश्चित रूप से भारत को टैरिफ में कटौती की आवश्यकता है.

भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार में 2016 में करीब 115 अरब डॉलर की बढ़ोतरी हुई है

भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार में 2016 में करीब 115 अरब डॉलर की बढ़ोतरी हुई है, जो 2001 में 20 अरब डॉलर थी. संयुक्त राज्य अमेरिका भारत के सामान और सेवाओं के निर्यात का पांचवां हिस्सा खरीदता है और इसकी व्यापार की कमी 2016 में 13 अरब डॉलर से बढ़कर 31 अरब डॉलर हो गई है.क्या Us warns India जो रेट को घाटा सके ? खैर, कोई नहीं जानता भारत सबसे सुरक्षित अर्थव्यवस्था में से एक है. विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के मुताबिक संयुक्त राज्य अमेरिका में 2016 में आयातित माल पर 3.4 फीसदी की औसत टैरिफ दर थी. भारत के लिए 13.5 फीसदी की तुलना में। कभी-कभी एक ही स्थान पर छोड़कर और सोचें कि Why why Donald Trump wants India to cut tariff?, क्या संचार की कमी है?.

ठीक है ठीक है, अगर Us warns India तो उत्तर दें जैसे वे उन्हें हमारी जरुरत ही हमे भी उनकी बराबर की जरूरत है. दोस्ती सभी के बीच समान होती है. इस कारण या उस वजह से भी विभेदित नहीं किया जा सकता है यह सभी से ऊपर है और अगर कोई भी कुछ सुविधाएं प्रदान करने की वजह से नुकसान हो रहा है तो यह एक दुसरे को बताये. कहे हम दोस्त हैं लेकिन हम इस पर और क्रमशः उस पर समझौता नहीं कर सकते. यहां तक कि Trump advised India  कि हम बाद में आपका समर्थन कर सकते हैं, लेकिन ये समय सही नही है.

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