जानिए आखिर कौंन है बीजेपी की राज्य सभा सदस्य जिनके पास है वर्ल्ड रिकॉर्ड?बीजेपी की कद्दावर नेता डॉ. सरोज पांडेय छत्तीसगढ़ से राज्यसभा के लिए चुनी गई हैं. सरोज पांडेय ने कांग्रेस कैंडिडेट लेखराम साहू को हराया हैं. जानकारी की माने तो डॉ. सरोज ने अपने पॉलिटिकल करियर की शुरूआत स्टूडेंट पॉलिटिक्स से की थी. उन्होंने पॉलिटिक्स में कई रिकॉर्ड बना डाले हैं. गिनीज और लिम्का बुक में रिकॉर्ड दर्ज है इनके नाम.

सरोज पांडेय ने राजनीति में कम उम्र में ही लोहा मनवा चुकीं है. डॉ. सरोज पांडेय एक साथ महापौर, विधायक और सांसद रह चुकी हैं. उनका यह रिकॉर्ड गिनीज और लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड में भी दर्ज है। 10 साल तक लगातार बेस्ट मेयर का अवार्ड से सम्मानित किया गया. उन्होंने छत्तीसगढ़ में बीजेपी के नेता के तौर पर पहली बार महापौर का चुनाव लड़ा और जीत मिली थी.

2008 में भिलाई के वैशाली नगर सीट से विधानसभा से चुनाव लड़ा. उन्होंने विधानसभा चुनाव में अपने प्रत्याशी के बृजमोहन को लगभग 15 हजार मतों से हराया था. बस यहीं से सरोज के करियर में टर्निंग पॉइंट आ गया. जिसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा.

दुर्ग से पहली बार बनी सांसद :-

बीजेपी ने उन्हें 2009 में महापौर रहते हुए आम चुनाव में विधायक और दुर्ग सीट से लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार के तौर पर खड़ा कर दिया गया. डॉ. सरोज का सीधा मुकाबला बीजेपी से बगावत कर बाहर हुए दुर्ग से लगातार तीन बार के सांसद ताराचंद साहू से था. पांडेय ने साहू को भारी मतों से हराया. इसी जीत के साथ पांडेय का राष्ट्रीय राजनीति में कद बढ़ता चला गया. सांसद रहते ही पार्टी ने उन्हें राष्ट्रीय महिला मोर्चा का अध्यक्ष बनाया.

मोदी लहर के बावजूद हार का सामना :-

डॉ. सरोज को 2014 में हुए आम चुनाव में मोदी लहर होने के बाबजूद हार का सामना करना पड़ा. छत्तीसगढ़ से इकलौती बीजेपी कैंडिडेट थीं, जिन्हें हार मिली। इसके बाद राजनीति की गलियों में सरोज की आलोचना शुरू हुई. माना जाने लगा कि अब इनका राजनीतिक करियर खत्म हो गया. लेकिन बीजेपी ने उन्हें महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के दौरान बड़ी जिम्मेदारी दी. वह महाराष्ट्र में सफल हुईं। इसके बाद नेशनल लेवल डॉ. सरोज पांडेय की पकड़ मजबूत होती गई.

प्रमुख बिंदु:-

  • कौंन है सरोज पाण्डेय?.
  • मोदी कहर होते हुए हार का सामना.

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